भारत के 10 सर्वश्रेष्ट आयुर्वेद कॉलेज

भारत में सर्वश्रेष्ट आयुर्वेदिक कॉलेज

 

श्री धन्वंतरि आयुर्वेदिक कॉलेज, चंडीगढ़

श्री धन्वंतरि आयुर्वेदिक कॉलेज, चंडीगढ़, भारत में आयुर्वेदिक चिकित्सा पढ़ाई के लिए एक सर्वश्रेष्ट आयुर्वेदिक कॉलेज है। देश को ध्यान में रखते हुए और चंडीगढ़ में आयुर्वेद को बढावा देने हेतू एक फिलैन्ट्रॉपिसट का समूह ने 1975 में इस कॉलेज की स्थापना चंडीगढ़ में की थी। इस आयुर्वेद कॉलेज में बहुत उच्च लेवल की पढ़ाई होती है। यहां पर दो महत्वपूर्ण पाठ्यक्रम चलते हैं-बैचलर ऑफ़ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी (बीएएमएस) और पोस्ट ग्रेजुएट के कोर्सेज।  अगर आप आयुर्वेद से ठीक होना चाहते हैं  और जो लोग आयुर्वेद में अपना कैरियर खोजते हैं तो  उनके लिए यह एक बेहतर कॉलेज है।  आधुनिक हर सुविधाएं यहां पर उपलब्ध हैं।  एक अच्छी बात यह भी है कि इस कॉलेज में आयुर्वेद से सम्बंधित सुपर स्पेशियलिटी सेवाएं भी दी जाती है।  इस कॉलेज को पंजाब विश्वविद्यालय से मान्यता प्राप्त है। यहां पर बीएएमएस के कुल सीटों की संख्यां 50 है।

 

राजीव गांधी स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय, बंगलौर, कर्नाटक

 

राजीव गांधी स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय कर्नाटक सरकार के अंतर्गत एक मुख्य स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय  है जो राज्य में स्वास्थ्य के क्षेत्र में उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने तथा  लोगों की भलाई हेतू कर्नाटक सरकार द्वारा बैंगलोर में 1996 में स्थापित किया गया था। आपको जानकर ताज्जुब होगा कि इस राज्य विश्वविद्यालय से लगभग 700 कॉलेज सम्बंधित है। आधुनिक चिकित्सा एवं अल्टरनेटिव मेडिसिन दोनों के क्षेत्र में इसका अलग मक़ाम है। देश दुनिया भर के छात्र इस विश्वविद्यालय  में अध्यन ग्रहण कर रहे हैं।  विश्वविद्यालय और इससे सम्बंधित कॉलेजों में आधुनिक चिकित्सा, दंत चिकित्सा, आयुर्वेद, होम्योपैथी, योग और प्राकृतिक चिकित्सा, यूनानी, फिजियोथेरेपी, फार्मेसी, नर्सिंग और संबद्ध विज्ञान के रूप में स्वास्थ्य विज्ञान पाठ्यक्रमों का संचालन कर रहे हैं। राजीव गांधी स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय आयुर्वेदिक पाठ्यक्रमों-बीएएमएस, एमएस और एमडी  की कोर्सेज चला रही है।

 

गुजरात आयुर्वेद यूनिवर्सिटी, जामनगर, गुजरात

 

गुजरात आयुर्वेद यूनिवर्सिटी, जामनगर एक स्वायत्त संस्था है जिसकी पूरी वित्य खर्च गुजरात सरकार द्वारा उठाई जाती है। इस विश्वविद्यालय की स्थापना 1967 में जामनगर में हुआ। आयुर्वेद के क्षेत्र में इस यूनिवर्सिटी का एक अलग दर्जा है। भारत में बहुत कम ऐसे विश्वविद्यालय होंगे जहाँ पर इतने सारे आयुर्वेदिक कोर्सेज का संचालन हो रहा हो। यहां पर मेडिसिनल प्लांट्स में  पीएच.डी.और एमएससी होती है। पीएचडी (Ayu), बीएएमएस, एमडी (Ayu), B. Pharm (Ayu), D. Pharm (Ayu), एम.फार्मा (Ayu), योग और प्राकृतिक चिकित्सा में स्नातकोत्तर डिप्लोमा, आयुर्वेद में परिचयात्मक पाठ्यक्रम और योग और प्राकृतिक चिकित्सा में सर्टिफिकेट कोर्स की पढ़ाई होती है। अगर आपको आयुर्वेद के क्षेत्र में आगे बढ़ना हो तो इस यूनिवर्सिटी में दाखला ले सकते हैं और अपने कैरियर को एक नई दिशा दे सकते हैं।

 

जेबी रॉय स्टेट मेडिकल कॉलेज, कोलकाता, वेस्ट बंगाल

 

जेबी रॉय मेडिकल कॉलेज भारत के सबसे पुराने आयुर्वेदिक कॉलेजों में से एक है। इस कॉलेज की स्थापना फरवरी 1916 में  की  गई थी। भारतवासियों और खास तौर पर बंगाल के लोगों के लिए यह बहुत ख़ुशी की बात है कि 10 फ़रवरी 2015 को यह कॉलेज अपना 100 वीं जयंती मना रही है। इस कॉलेज में कुल बीएएमएस की सीटों की सांख्य 60 है।  यह आयुर्वेदिक कॉलेज वेस्ट बंगाल के स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय से संबद्ध है। यहां पर आयुर्वेद की सहायता से ट्यूबरक्युलोसिस  की इलाज बहुत अच्छी तरह से की जाती है।

 

आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज, कोल्हापुर, महाराष्ट्र

 

आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज, कोल्हापुर, महाराष्ट्र में है। इस कॉलेज की खासियत यह है कि यह आधुनिक सुख सुविधा के लिए जाना जाता है। आप यहां पर आयुर्वेद को आधुनिक विज्ञानं के संदर्व में देख सकते हैं। इस कॉलेज में बीएएमएस की डिग्री दी जाती है। बीएएमएस के लिए सीटों की संख्या 60 है।

 

राजकीय आयुर्वेदिक कालेज, लखनऊ, उत्तर प्रदेश

 

राजकीय आयुर्वेदिक कालेज एवं अस्पताल, लखनऊ, लखनऊ विश्वविद्यालय से संबद्ध है।  इस  कॉलेज की स्थापना 1948  में हुई थी।  आयुर्वेद शिक्षा के मामले में इस कॉलेज की अपनी अलग पहचान है। आयुर्वेद क्वालिटी शिक्षा पर बहुत ज़्यदा जोड़ दिया जाता है। यहां पर आयुर्वेद में स्नातक और स्नातकोत्तर दोनों पाठ्यक्रम की शिक्षा प्रदान की जाती है। इस कॉलेज में कुल सीटों की संख्या 50 है। इस  महाविद्यालय में स्नातकोत्तर एमडी (आयुर्वेद) , बीएएमएस (आयुर्वेद Charya), एमडी (Ay), पीएच.डी. (आयुर्वेद), आयुर्वेदिक नर्सिंग और फार्मेसिस्ट पाठ्यक्रम सफलतापूर्वक चलाये जा रहे हैं।

 

श्री आयुर्वेद महाविद्यालय, नागपुर, महाराष्ट्र

 

श्री आयुर्वेद महाविद्यालय नागपुर महाराष्ट्र में है। यह आयुर्वेदिक कॉलेज  अपनी आधुनिक सुविधाओं और क्वालिटी शिक्षा  के लिए जाना जाता है। इस कॉलेज की स्थापना 1953 में की गई थी। कॉलेज स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय महाराष्ट्र, नासिक से संबद्ध है। यह पर आयुर्वेद से सम्बंधित विभिन्य पाठ्यक्रम चलाये जाते है जैसे स्नातक, स्नातकोत्तर और डॉक्टरेट। स्नातक पाठ्यक्रम  आयुर्वेद से सम्बंधित 13 विषयों में प्रदान किया जाता है।

 

ऋषिकुल राजकीय स्नातकोत्तर आयुर्वेदिक कॉलेज एवं अस्पताल, हरिद्वार

 

ऋषिकुल राजकीय आयुर्वेदिक कालेज, हरिद्वार आयुर्वेद के सबसे पुराने आयुर्वेदिक कॉलेजों में से एक है। इस आयुर्वेद कॉलेज की स्थापना हरिद्वार में 1919 में की गई थी। यहां पर आधुनिक सुख  सुविधा उपलब्ध है। यह अपने गुणवत्ता शिक्षा के लिए मशहूर है।  यह बीएएमएस, एमडी (Ayu), आयुर्वेद नर्सिंग और पंचकर्म चिकित्सक में डिप्लोमा पाठ्यक्रम प्रदान करता है।

 

दयानंद आयुर्वेदिक कालेज, जालंधर, पंजाब

 

दयानंद आयुर्वेदिक कालेज 1989 में लाल हंसराज द्वारा लाहौर में स्थापित किया गया था।  1947 में विभाजन के बाद पहले यह अमृतसर फिर जालंधर में स्थान्तरित कर दिया गया।  यह बीएएमएस, पंचकर्म और  चिकित्सीय योग में सर्टिफिकेट कोर्स  चलाता है। कॉलेज पंजाब विश्वविद्यालय से संबद्ध है।

 

आयुर्वेदिक और यूनानी तिब्बिया कॉलेज, नई दिल्ली

 

आयुर्वेदिक और यूनानी तिब्बिया कॉलेज की स्थापना 1889 में की गई थी।  यह एतिहासिक कॉलेज दिल्ली विश्वविद्यालय से संबद्ध है। इस कॉलेज में  बीएएमएस और बीयूएमएस के पाठ्यक्रम प्रदान किये जाते हैं।  इसमें14 विभाग आयुर्वेद का है जहाँ पर आयुर्वेद में एमडी, क्रिया Sharir  और आयुर्वेद चिकित्सा के Kayachikitsa विषयों को पढ़ाया जाता है। इस कॉलेज में  150 बिस्तरों का एक अस्पताल हैं। यहां पर यूनानी में भी पोस्ट ग्रेजुएट के कोर्सेज चलते हैं।

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2 Comments

  1. Avatar for Admin सुरेश बंसल April 1, 2017
  2. Avatar for Admin Sgt OP Ojha August 30, 2017

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