Category: AYUSH

भ्रामरी प्राणायाम विधि, लाभ और सावधानी

भ्रामरी प्राणायाम क्या है। Bhramri pranayama in Hindi भ्रामरी शब्द की उत्पत्ति ‘भ्रमर’ से हुई है जिसका अर्थ होता है एक गुनगुनाने वाली काली मधुमक्खी। इस प्राणायाम का अभ्यास …

शीतकारी प्राणायाम विधि, लाभ और सावधानी

शीतकारी प्राणायाम क्या है। Sheetkari pranayama in Hindi शीतकारी प्राणायाम में सांस लेने के दौरान ‘सि’ या ‘सित’ की ध्वनि निकलती है। शीत का मतलब होता है ठंडकपन और …

सूर्य भेदन प्राणायाम विधि, लाभ और सावधानी

सूर्य भेदन प्राणायाम क्या है। Surya Bhedana Pranayama in Hindi सूर्य का अर्थ होता है सूरज और भेदना का अर्थ है छेदना या आर पार होना। हठप्रदीपिका के अनुसार …