योगासन विधि, प्रकार और लाभ। Yogasana Steps, Type and Benefits

योगासन क्या है ।Yogasana meaning

अक्सर यह देखा गया है कि योगासन को ही लोग पूरा योग मान लेते हैं। इसीसे पता चलता है की योगासन का महत्व कितना ज़्यदा है। इसका एक कारण यह भी है की प्राय लोग अपने दिनचर्या योग में केवल योगासन ही करते हैं। लेकिन योगासन को पूरा योग मानना सही नहीं है। योगासन योग का एक हिस्सा है। योग में योगासन के इलावे प्राणायाम, ध्यान एवं क्रिया का भी अहम रोल है।yogasana steps, type and benfits

 

योगासन विधि।Yogasana steps

  • योगासन के लिए स्व‍च्छ‍ एवं हवादार स्थान हो।
  • आसन को खाली पेट करें। भोजन के तीन से चार घंटे बाद इसका अभ्यास करें।
  • समतल स्थान का चयन करें।
  • योगासन करते समय नाक से ही सांस लें और नाक स ही सांस छोड़े।
  • इसका अभ्यास धीरे-धीरे करें।
  • आसन करने के बाद कुछ समय के लिए शवासन करें।
  • आसन करते समय अगर शरीर में दर्द होने लगे तो इसका अभ्यास न करें।
  • आसन के तुरंत बाद भोजन नहीं करना चाहिए।
  • जो लोग पहली बार योग कर रहे हैं उन्हें किसी योग शिक्षक के मार्गदर्शन में ही करना चाहिए

 

योगासन के प्रकार। Yogasana type

खड़े होकर करने वाले योगासन

  1. ताड़ासन
  2. हस्तोसत्ताकनासन
  3. कटिचक्रासन
  4. अर्द्धचक्रासन
  5. त्रिकोणासन
  6. पार्श्वाकोणासन
  7. वृक्षासन
  8. गरुड़ासन

 

बैठ कर करने वाले योगासन

  1. पद्मासन
  2. सिद्धासन
  3. वज्रासन
  4. भद्रासन
  5. सिंहासन
  6. गोमुखासन
  7. वक्रासन
  8. अर्द्धमत्येंद्रासन
  9. गोरक्षासन
  10. गर्भासन
  11. पश्चिमोत्ताेनासन
  12. कूर्मासन
  13. उत्ताानमंडूकासन
  14. उष्ट्रानसन
  15. योगासन
  16. सुप्तनवज्रासन
  17. शशांकासन
  18. मंडूकासन

 

पेट के बल लेटकर करने वाले आसन

  1. मकरासन
  2. भुजंगासन
  3. शलभासन
  4. धनुरासन

 

पीठ के बल लेटकर करने वाले आसन

  1. उत्तासनपादासन
  2. सेतुबंध सर्वांगासन
  3. अर्द्धहलासन
  4. हलासन
  5. पवनमुक्ताससन
  6. मत्याक्तसनचक्रासन
  7. शवासन

 

एडवांस्ड योगासन

  1. विपरीतकरणी
  2. सर्वांगासन
  3. शीर्षासन
  4. उत्थित पद्मासन
  5. नौकासन
  6. कुक्कुटासन
  7. वकासन
  8. मयूरासन
  9. नटराजासन

 

योगासन के लाभ । Yogasana benefits

आसन बहुत सारे बिमारियों के लिए लाभदायक है।

  • एसिडिटी: पवनमुक्ताडसन, सुप्तभवज्रासन, उष्ट्राासन, मत्याैसन, अर्द्धमत्यांसन, हलासन, वज्रासन, मयूरासन आदि
  • क्रोध: सिद्धासन, पद्मासन, पश्चिमोत्तानासन, कूर्मासन, मत्यािएसन, बालासन, मकरासन, शलभासन, शवासन एवं उष्ट्राीसन
  • दमा: ताड़ासन, गोमुखासन, पश्चिमोत्तातनासन, सर्वांगासन, सुप्तिवज्रासन,उष्ट्रा्सन, उत्ताानासन, भुजंगासन, मकरासन एवं मत्यासुप्सन
  • पीठ दर्द: पवनमुक्तासन, सुप्तशवज्रासन, भुजंगासन, कटिचक्रासन, ताड़ासन एवं त्रिकोणासन
  • खांसी: सूर्यनमस्काार एवं सिंहासन
  • मधुमेह: पश्चिमोत्ताआनासन, योगासन, अर्द्धमत्यें द्रासन, वक्रासन, मंडूकासन, भुजंगासन, सुप्तंपवनमुक्ता्सन, हलासन सर्वांगासन, सुप्तावज्रासन, मयूरासन, गोमुखासन और शीर्षासन
  • थकान: सूर्यनमस्काार, भुजंगासन, उष्ट्रानसन, चक्रासन,धनुररासन , मकरासन , मर्कटासन और शवासन
  • मासिक धर्म में गड़बड़ी: वज्रासन, भद्रासन, भुजंगासन, शलभासन, उष्ट्राासन, सर्वांगासन, हलासन आदि
  • साइनसाइटिस: सूर्यनमस्कामर और सिंहासन
  • स्लिप्डस डिस्का: सरल भुजंगासन, मकरासन, शवासन

 

योगासन सावधानी । Yogasana precautions

वैसे तो योगासन की बहुत सारे रोगों में नहीं किया जाता है। यहां पर कुछ का विवरण दिया गया है।

  1. टूटी हुई हड्डी में
  2. अल्सरक्षयरोग
  3. हर्निया
  4. उच्चक रक्ताचाप
  5. ऑपरेशन

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